भगवान बुद्ध की शिक्षाएं विश्व शांति और मानवता का मार्ग प्रशस्त करती हैं: गणेश जोशी

Lord Buddha's teachings pave the way for world peace and humanity: Ganesh Joshi

कुलदीप कुमार देहरादून,। कैबिनेट मंत्री गणेश जोशी ने सोमवार को देहरादून स्थित एक निजी होटल में आयोजित अंतरराष्ट्रीय बौद्ध सम्मेलन में प्रतिभाग किया। इस अवसर पर उन्होंने सम्मेलन के आयोजकों को बधाई एवं शुभकामनाएं देते हुए भगवान बुद्ध की शिक्षाओं को वर्तमान वैश्विक परिस्थितियों में अत्यंत प्रासंगिक बताया।

कैबिनेट मंत्री गणेश जोशी ने कहा कि भगवान बुद्ध ने पूरी दुनिया को करुणा अहिंसा मैत्री और शांति का मार्ग दिखाया है। आज जब विश्व अनेक संघर्षों और चुनौतियों से गुजर रहा है, तब भगवान बुद्ध के विचार और भी अधिक प्रासंगिक हो जाते हैं। उन्होंने कहा कि शांति केवल शब्दों से नहीं आती, बल्कि हमारे विचारों, व्यवहार और दूसरों के प्रति सम्मान की भावना से जन्म लेती है।

मंत्री गणेश जोशी ने कहा कि अश्विन पूर्णिमा और वर्षावास हमें आत्मचिंतन, अनुशासन एवं साधना का संदेश देते हैं। वर्षावास हमें सिखाता है कि जीवन में आगे बढ़ने के साथ-साथ स्वयं को समझना और अपने भीतर सकारात्मक परिवर्तन लाना भी आवश्यक है। उन्होंने कहा कि उत्तराखंड की पावन भूमि आध्यात्मिक चेतना और भारतीय संस्कृति की प्रतीक है। ऐसे अंतरराष्ट्रीय सम्मेलन न केवल हमारी समृद्ध सांस्कृतिक विरासत को सुदृढ़ करते हैं, बल्कि विभिन्न देशों के बीच मैत्री, संवाद और सहयोग को भी बढ़ावा देते हैं।

कैबिनेट मंत्री गणेश जोशी ने कहा कि भगवान बुद्ध की शिक्षाओं को केवल सुनना ही पर्याप्त नहीं है, बल्कि उन्हें अपने जीवन में आत्मसात करना भी जरूरी है। हमें समाज में सद्भाव बढ़ाने, जरूरतमंदों की सहायता करने और आने वाली पीढ़ियों तक शांति एवं मानवता का संदेश पहुंचाने का प्रयास करना चाहिए। उन्होंने कहा कि जहां करुणा होती है, वहां विश्वास होता है, जहां विश्वास होता है, वहां सद्भाव होता है और जहां सद्भाव होता है, वहीं विश्व शांति का मार्ग प्रशस्त होता है।

इस अवसर पर मोस्ट वेनेरेबल शील रतन, डॉ. धम्मदीपा इला, पद्मश्री डॉ. माधुरी बरथवाल, एच. पी. कैन, विश्व थेरवाद बौद्ध केंद्र के अध्यक्ष डॉ. एम. के. ओटानी सहित देश-विदेश से आए अतिथिगण उपस्थित रहे।

You might also like