राष्ट्रसेवा में समर्पित जननायक – मनोहर लाल

Jannayak dedicated in national service - Manohar Lal

मनोहर लाल जी के जन्मदिन के अवसर पर, मैं उनके दृढ़ निश्चय और अटूट नेतृत्व के सफर पर विचार करना चाहता हूं। श्री मनोहर लाल अपने “राष्ट्रप्रथम – राष्ट्र सर्वोपरि” के दृष्टिकोण के कारण सारे देशवासियों के लिए आदरणीय और अनुकरणीय शख्सियत हैं। लम्बे समय से ही वह अपना जन्मदिन भव्य समारोहों के बजाय आध्यात्मिक और सामुदायिक गतिविधियों के साथ मनाते हैं। उन्होंने अपने सामाजिक एवं राजनीतिक जीवन से अनगिनत लोगों को प्रेरणा दी है। विशेषकर युवाओं को, उन्होंने व्यक्तिगत महत्वाकांक्षाओं से ऊपर उठकर देश के हित में स्वयं को समर्पित करने की सीख दी है। वे अनुशासन, सेवा और राष्ट्र के प्रति अटूट प्रतिबद्धता का एक जीता-जागता उदाहरण हैं।

हरियाणा के एक साधारण किसान परिवार से अपने जीवन की शुरुआत करने वाले श्री मनोहर लाल का जीवन सादगी और परिश्रम पर आधारित रहा है। जमीनी हकीकतों से उनका शुरुआती परिचय ही उन्हें आम आदमी के संघर्षों और आकांक्षाओं की गहरी समझ प्रदान करता है। उनकी विशेषता यह है कि उन्होंने सफलता के शिखर पर पहुंचने के लिए प्रसिद्धि की लालसा के बजाय सादगी और सरलता का मार्ग चुनना पसंद किया है।

राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ से जुड़ाव ने श्री मनोहर लाल जी के चरित्र की नींव रखी। प्रचारक के अनुशासित और निस्वार्थ जीवन को चुनकर उन्होंने सेवा और त्याग के मूल्यों को आत्मसात किया। सेवा के उद्देश्य के प्रति समर्पित होकर उन्होंने हरियाणा और अन्य क्षेत्रों की यात्रा की और अत्यंत साधारण जीवन स्थितियों में कठिन दिनचर्या का सामना किया। इन प्रारंभिक वर्षों ने उनके जीवन भर के वैराग्य और एक व्यापक उद्देश्य के प्रति प्रतिबद्धता के दर्शन को आकार दिया।

साल 1994 में भारतीय जनता पार्टी के माध्यम से सार्वजनिक जीवन में हुआ उनका प्रवेश एक नए अध्याय की शुरुआत थी। उनकी संगठनात्मक क्षमता और दूरदर्शिता ने शासन को बड़े स्तर पर प्रभावित किया। लगातार दो कार्यकाल तक हरियाणा के मुख्यमंत्री के रूप में उन्होंने प्रशासनिक दक्षता को नई परिभाषा दी। मैंने देखा है कि राज्य को उनकी जन-कल्याणकारी नीतियों जैसे पारदर्शी प्रणाली, ऑनलाइन तबादलों, योग्यता और मैरिट आधारित भर्ती से आमजन को कितना लाभ हुआ है। उनके कार्यकाल की सबसे महत्वपूर्ण बात यह है कि उन्होंने जनता का शासन में विश्वास बहाल किया। उन्होंने यह सुनिश्चित किया कि हर सरकारी स्कीम का लाभ हर जरूरतमंद व्यक्ति तक पहुंचे। श्री मनोहर लाल की 10 साल की पारदर्शी जन स्कीमों की बदौलत हरियाणा में तीसरी बार भाजपा की सरकार बनी।

केंद्रीय आवास एवं शहरी मामलों के मंत्री के रूप में शहरी जीवन स्तर को बेहतर बनाने के उनके प्रयास भी सराहनीय हैं। चाहे वह शहरी बाढ़ से निपटना हो, मेट्रो परियोजनाओं और स्मार्ट शहरों को गति देना हो या लाखों लोगों को घर उपलब्ध कराने के लिए प्रधानमंत्री आवासयोजना-शहरी को आगे बढ़ाना हो। इन सभी क्षेत्रों में श्री मनोहर लाल जी के द्वारा पूरी निष्ठा से अभूतपूर्व कार्य किया जा रहा है। स्वच्छ भारत मिशन में उनके नेतृत्व ने पहले ही सैकड़ों कचरा स्थलों को उपयोगी भूमि में बदल दिया है। यह चुनौतियों को अवसरों में बदलने के उनके विश्वास को दर्शाता है।

केंद्रीय ऊर्जा मंत्री के रूप में श्री मनोहर लाल जटिल और चुनौती पूर्णवैश्विक भू-राजनीतिक स्थिति के बीच भारत की ऊर्जा सुरक्षा के प्रबंधन में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहे हैं। उनका मुख्य उद्देश्य आत्मनिर्भर और टिकाऊ ऊर्जा क्षेत्र का निर्माण करना और संवेदनशील सीमावर्ती क्षेत्रों में अवसंरचना परियोजनाओं का प्रबंधन करना है। श्री मनोहर लाल जी मोदी 3.0 मंत्रिमंडल के एक महत्वपूर्ण सदस्य हैं और भारत के तीव्र अवसंरचना विस्तार, ऊर्जा परिवर्तन और शहरी विकास पहलों के प्रबंधन में केंद्रीय भूमिका निभा रहे हैं।

श्री मनोहर लाल जी समर्पण की जीती जागती मिसाल है। तकरीबन 10 साल के मुख्यमंत्री कार्यकाल में जो सैलरी मिली, वो उन्होंने पद छोड़ने के तुरंत बाद प्रधानमंत्री रिलीफ फंड में सारा पैसा देश के विकास हेतु जमा करवा दिया । गांव का घर, स्कूल को और लाइब्रेरी बनाने के लिए दान में दे दिया । अपने हिस्से की 1.5 एकड़ जमीन भी बेचकर जो पैसा मिला उसे भी प्रधानमंत्री रिलीफ फंड में जमा करवा दिया। आज के युग में ऐसे समर्पण वाले इंसान बहुत कम मिलते हैं।

श्री मनोहर लाल जी को जो बात सबसे अलग बनाती है, वह है उनका संदेश “दुनिया के लिए खुद को ज़रूरी बनाओ – दुनिया तुम्हारा ख्याल रखेगी।” यह इस बात का सशक्त संदेश है कि निस्वार्थ योगदान ही सफलता का सर्वोच्च रूप है। उनके जन्मदिन पर, हम उन्हें न केवल एक नेता, बल्कि एकसत्यनिष्ठ और सिद्धांतवादी व्यक्ति के रूप में स्मरण करते हैं और भगवान से अरदास करते हैं कि उनको स्वस्थ जीवन और लंबी आयु दे, ताकि वह इसी साहस के साथ देश की सेवा करते रहें।

डॉ. प्रभलीन सिंह

You might also like